७. पञ्हावारो
पच्चयचतुक्कं
हेतुपच्चयो
७४. हेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स हेतुपच्चयेन पच्चयो… तीणि.
आरम्मणपच्चयादि
७५. हेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स आरम्मणपच्चयेन पच्चयो… तीणि.
नहेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो नहेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स आरम्मणपच्चयेन पच्चयो… तीणि.
हेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो च नहेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो च धम्मा हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स आरम्मणपच्चयेन पच्चयो… तीणि.
७६. हेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स अधिपतिपच्चयेन पच्चयो – आरम्मणाधिपति, सहजाताधिपति… तीणि.
नहेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो नहेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स अधिपतिपच्चयेन पच्चयो – आरम्मणाधिपति, सहजाताधिपति… तीणि.
हेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो च नहेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो च धम्मा हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स अधिपतिपच्चयेन पच्चयो – आरम्मणाधिपति… तीणि…पे….
उपनिस्सयपच्चयादि
७७. हेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स उपनिस्सयपच्चयेन पच्चयो – आरम्मणूपनिस्सयो, अनन्तरूपनिस्सयो, पकतूपनिस्सयो… नव (संखित्तं).
७८. नहेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो नहेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स कम्मपच्चयेन पच्चयो. नहेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स कम्मपच्चयेन पच्चयो. नहेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स च नहेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स च धम्मस्स कम्मपच्चयेन पच्चयो. (३)
…विपाकपच्चयेन पच्चयो.
७९. नहेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो नहेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स आहारपच्चयेन पच्चयो… तीणि…पे…. हेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स अविगतपच्चयेन पच्चयो.
८०. हेतुया तीणि, आरम्मणे नव, अधिपतिया नव, अनन्तरे नव, समनन्तरे नव, सहजाते नव, अञ्ञमञ्ञे नव, निस्सये नव, उपनिस्सये नव, आसेवने नव, कम्मे तीणि, विपाके नव, आहारे तीणि, इन्द्रिये नव, झाने तीणि, मग्गे नव, सम्पयुत्ते नव, अत्थिया नव, नत्थिया नव, विगते नव, अविगते नव.
पच्चनीयुद्धारो
८१. हेतु सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तो धम्मो हेतुस्स सुखाय वेदनाय सम्पयुत्तस्स धम्मस्स आरम्मणपच्चयेन पच्चयो… सहजातपच्चयेन पच्चयो… उपनिस्सयपच्चयेन पच्चयो (संखित्तं).
८२. नहेतुया नव, नआरम्मणे नव…पे… नोअविगते नव (पच्चनीयं).
हेतुपच्चया नआरम्मणे तीणि (संखित्तं, अनुलोमपच्चनीयं).
नहेतुपच्चया आरम्मणे नव (संखित्तं, पच्चनीयानुलोमं).
(यथा कुसलत्तिके पञ्हावारस्स अनुलोमम्पि पच्चनीयम्पि अनुलोमपच्चनीयम्पि पच्चनीयानुलोमम्पि गणितं, एवं गणेतब्बं.)